ताऊ पहेली - 99

प्रिय बहणों और भाईयों, भतिजो और भतीजियों सबको शनीवार सबेरे की घणी राम राम.

ताऊ पहेली अंक 99 में मैं ताऊ रामपुरिया, सह आयोजक सु. अल्पना वर्मा के साथ आपका हार्दिक स्वागत करता हूं. जैसा कि आप जानते ही हैं कि अब से रामप्यारी का हिंट सिर्फ़ एक बार ही दिया जाता है. यानि सुबह 10:00 बजे ही रामप्यारी के ब्लाग पर मिलता है.और अब से पहेली के जवाब की पोस्ट सोमवार के बजाये हर मंगलवार सुबह 4 :44 AM पर प्रकाशित की जायेगी.

विनम्र विवेदन

कृपया पहेली मे पूछे गये चित्र के स्थान का सही सही नाम बतायें कि चित्र मे दिखाई गई जगह का नाम क्या है? कई प्रतिभागी सिर्फ़ उस राज्य का या शहर का नाम ही लिख कर छोड देते हैं. जो कि अबसे अधूरा जवाब माना जायेगा.

हिंट के चित्र मे उस राज्य या शहर की तरफ़ इशारा भर होता है कि उस राज्य या शहर मे यह स्थान हो सकता है. अब नीचे के चित्र को देखकर बताईये कि यह कौन सी जगह है? और किस शहर या राज्य में है?



ताऊ पहेली का प्रकाशन हर शनिवार सुबह आठ बजे होगा. ताऊ पहेली के जवाब देने का समय कल रविवार दोपहर १२:०० बजे तक है. इसके बाद कमेंट सुविधा बंद कर दी जायेगी. अगर कमेंट सुविधा किसी कारण वश जारी भी रही तो आने वाले सही जवाबों को अधिकतम ५० अंक ही दिये जा सकेंगे.

अब रामप्यारी का बोनस सवाल 20 नंबर का. यानि जो भी प्रतिभागी रामप्यारी के सवाल का सही जवाब देगा उसे 20 नंबर अलग से दिये जायेंगे. तो आईये अब आपको रामप्यारी के पास लिये चलते हैं.


"रामप्यारी का बोनस सवाल 20 नंबर के लिये"



हाय...आंटीज एंड अंकल्स...दीदीज एंड भैया लोग...गुडमार्निंग..मी राम की प्यारी रामप्यारी.....अब आपसे पूरे 20 नंबर का सवाल पूछ रही हूं. सवाल सीधा साधा है. बस मुख्य पहेली से अलग एक टिप्पणी करके जवाब देना है. और 20 नंबर आपके खाते में जमा हो जायेंगे. है ना बढिया काम...तो अब नीचे का चित्र देखिये और इस पौधे का नाम बताईये.



इस सवाल का जवाब अलग टिप्पणी मे ही देना है. अब अभी के लिये नमस्ते. मेरे ब्लाग पर अब से दो घंटे बाद यानि 10 बजे आज की मुख्य पहेली के हिंट के साथ आपसे फ़िर मुलाकात होगी तब तक के लिये नमस्ते.

अब आप रामप्यारी के ब्लाग पर हिंट की पोस्ट सुबह दस बजे ही पढ सकते हैं! दूसरा हिंट नही दिया जायेगा.
जरुरी सूचना:-

टिप्पणी मॉडरेशन लागू है इसलिए समय सीमा से पूर्व केवल अधूरे और ग़लत जवाब ही प्रकाशित किए जाएँगे.
सही जवाबों को पहेली की रोचकता बनाए रखने हेतु समय सीमा से पूर्व अक्सर प्रकाशित नहीं किया जाता . अत: आपका जवाब आपको तुरंत यहां नही दिखे तो कृपया परेशान ना हों.

इस अंक के आयोजक हैं ताऊ रामपुरिया और सु. अल्पना वर्मा

नोट : यह पहेली प्रतियोगिता पुर्णत:मनोरंजन, शिक्षा और ज्ञानवर्धन के लिये है. इसमे किसी भी तरह के नगद या अन्य तरह के पुरुस्कार नही दिये जाते हैं. सिर्फ़ सोहाद्र और उत्साह वर्धन के लिये प्रमाणपत्र एवम उपाधियां दी जाती हैं. किसी भी तरह की विवादास्पद परिस्थितियों मे आयोजकों का फ़ैसला ही अंतिम फ़ैसला होगा. एवम इस पहेली प्रतियोगिता में आयोजकों के अलावा कोई भी भाग ले सकता है.


मग्गाबाबा का चिठ्ठाश्रम
मिस.रामप्यारी का ब्लाग
ताऊजी डाट काम

72 comments:

  प्रकाश गोविन्द

Saturday, November 06, 2010 8:37:00 AM

PATWON KI HAVELI - RAJASTHAN

  प्रकाश गोविन्द

Saturday, November 06, 2010 8:37:00 AM

Patwon ki Haveli
Jaisalmer
Rajasthan

  प्रकाश गोविन्द

Saturday, November 06, 2010 8:38:00 AM

पटवों की हवेली
जैसलमेर
राजस्थान

  प्रकाश गोविन्द

Saturday, November 06, 2010 8:41:00 AM

The five-storied Patwon ki Haveli is the largest of its kind in Jaisalmer, Rajasthan, India. patwon ki haveli is one of the
most elaborate and fascinating mansions in Jaisalmer that entices you with its hypnotic charm. Located on a narrow lane in the main Jaisalmer city, Patwon ki haveli was constructed by Guman Chand Patwa and his five sons. Guman Chand was a famous trader of his times and dealt in gold, brocade and silver. There are five massive suites in the Patwon ki haveli that are decorated with brilliant representations of artistic acumen. The entire haveli is and interesting grid of pillared halls, large corridors, lavishly chiseled ceilings and
ostentatiously decorated walls. The stunning murals that adorn
the haveli walls are colorful depictions of the everyday court
scenes, village scenes and other artistic concepts. The walls of one particular room at the Patwon ki Haveli is completely covered with captivating frescoes.


The havelis are also known as the 'mansion of brocade merchants'.
This name has been given probably because the family dealt in
threads of gold and silver used in embroidering dresses. However,
there are theories, which claim that these traders made considerable amount of money in Opium smuggling and Money-lending.
This is the largest Haveli in Jaisalmer and stands in a narrow
lane. This haveli is presently occupied by the government, which uses it for various purposes.

  Dr.Ajmal Khan

Saturday, November 06, 2010 8:45:00 AM

Patwon ki Haveli rajisthan,india

  Dr.Ajmal Khan

Saturday, November 06, 2010 8:45:00 AM

Patwon ki Haveli, rajisthan, india.

  आशीष मिश्रा

Saturday, November 06, 2010 8:47:00 AM

hawa mahal jaipur

  Shekhar Suman

Saturday, November 06, 2010 8:51:00 AM

यह हवेली है जैसलमेर में स्थित पटवों की हवेली | यह ७ छोटी हवेलिओं का समूह है जो १८०५ में बनी थी...

  Dr.Ajmal Khan

Saturday, November 06, 2010 8:53:00 AM

Patwon-Ki-Haveli, the largest Haveli in Jaisalmer was built by Ghuman Chand Patwa in early 19th century.

  दर्शन लाल बवेजा

Saturday, November 06, 2010 8:54:00 AM

जैसलमेर की हवेली है

  sabir*h*khan

Saturday, November 06, 2010 8:56:00 AM

Patwon-Ki-Haveli,
Jaisalmer,rajisthan, india.

happy diwaali to all of you..!!!!

  दर्शन लाल बवेजा

Saturday, November 06, 2010 8:57:00 AM

पटवों की हवेली ,जैसलमेर

  गजेन्द्र सिंह

Saturday, November 06, 2010 9:06:00 AM

राम राम ताऊ जी,
आपका जवाब : जैसलमेर की हवेली, जैसलमेर, राजस्थान

रामप्यारी का अभी तक पता नहीं

  ओशो रजनीश

Saturday, November 06, 2010 9:09:00 AM

पुरानी हवेली, जैसलमेर, राजस्थान

  ओशो रजनीश

Saturday, November 06, 2010 9:09:00 AM

वही पेड़ जिसका हमें नाम नहीं पता

  दर्शन लाल बवेजा

Saturday, November 06, 2010 9:10:00 AM

patwon ki haveli jaisalmer

  Dr.Ajmal Khan

Saturday, November 06, 2010 9:11:00 AM

ram pyari ka jawaab- mattar ka paudhaa.

  Tarkeshwar Giri

Saturday, November 06, 2010 9:21:00 AM

Amber Fort, Jaipur, Rajashtan

  बंटी चोर

Saturday, November 06, 2010 9:22:00 AM

जैसलमेर हवेली, जैसलमेर, राजस्थान, भारत

  बंटी चोर

Saturday, November 06, 2010 9:27:00 AM

Patwon Ki Haveli, जैसलमेर, राजस्थान, भारत

  गजेन्द्र सिंह

Saturday, November 06, 2010 9:30:00 AM

Patwon Ki Haveli, जैसलमेर, राजस्थान, भारत

  ओशो रजनीश

Saturday, November 06, 2010 9:32:00 AM

Patwon Ki Haveli,
जैसलमेर, राजस्थान, भारत

  विजय कर्ण

Saturday, November 06, 2010 9:34:00 AM

Patwon Ki Haveli, जैसलमेर, राजस्थान, भारत

  विजय कर्ण

Saturday, November 06, 2010 9:34:00 AM

Patwon Ki Haveli, जैसलमेर, राजस्थान, भारत

इसका जवाब तो बनती चोर ने पोस्ट कर दिया है ....

  M VERMA

Saturday, November 06, 2010 9:39:00 AM

जैसलमेर का किला, राजस्थान

  प्रवीण त्रिवेदी ╬ PRAVEEN TRIVEDI

Saturday, November 06, 2010 10:10:00 AM

आज का सबसे फिट जवाब !

पटाखा महल :-)


जय जय ...दीपोत्सव की बधाई सहित !

  दर्शन लाल बवेजा

Saturday, November 06, 2010 10:44:00 AM

गोखरू

  इंदु अरोड़ा

Saturday, November 06, 2010 10:47:00 AM

गोखरू या 'गोक्षुर' (Tribulus terrestris , Land caltrops, Puncture vine)

  इंदु अरोड़ा

Saturday, November 06, 2010 10:51:00 AM

Tribulus terrestris (Puncture Vine or Gokharu)

  भारतीय नागरिक - Indian Citizen

Saturday, November 06, 2010 10:51:00 AM

यो तो राजस्थान का कोई महल दीक्खे है..

  भारतीय नागरिक - Indian Citizen

Saturday, November 06, 2010 10:51:00 AM

जैसलमेर का दीक्खे है..

  प्रकाश गोविन्द

Saturday, November 06, 2010 10:52:00 AM

Puncture vine plant

हिंदी में 'गोखरू' कहते हैं

  भारतीय नागरिक - Indian Citizen

Saturday, November 06, 2010 10:55:00 AM

कहीं पटवों की हवेली तो ना है ये....

  भारतीय नागरिक - Indian Citizen

Saturday, November 06, 2010 10:59:00 AM

वैसे मुझे पूरा विश्वास है कि यहां अब तक उड़न तश्तरी पधार चुकी होगी :)

  भारतीय नागरिक - Indian Citizen

Saturday, November 06, 2010 11:00:00 AM

कुछ कमेन्ट तो माडरेट कर दिखा दे मेरे ताऊ....

  प्रकाश गोविन्द

Saturday, November 06, 2010 11:02:00 AM

रामप्यारी का जवाब :

Puncture Vine or Caltrop or Yellow Vine or Goathead
Gokharu गोखरू (Hindi)

गोखरू या 'गोक्षुर' (Tribulus terrestris , Land caltrops, Puncture vine) भूमि पर फ़ैलने वाला छोटा प्रसरणशील क्षुप होता है जो कि आषाड और श्रावण मास मे प्राय हर प्रकार की जमीन या खाली जमीन पर उग जाता है । पत्र खंडित और फ़ुल पीले रंग के आते हैं , फ़ल कंटक युक्त होते हैं !

यह शीतवीर्य, मुत्रविरेचक, बस्तिशोधक, अग्निदीपक, वृष्य, तथा पुष्टिकारक होता है । विभिन्न विकारो मे वैद्यवर्ग द्वारा इसको प्रयोग किया जाता है ।

  नीरज गोस्वामी

Saturday, November 06, 2010 11:08:00 AM

पाट्वों की हवेली - जैसलमेर
Paatwon ki haveli - Jaisalmer

Neeraj

  P.N. Subramanian

Saturday, November 06, 2010 11:27:00 AM

जैसलमेर का पटवा हवेली

  गजेन्द्र सिंह

Saturday, November 06, 2010 11:48:00 AM

Patwon Ki Haveli, जैसलमेर, राजस्थान, भारत

  ललित शर्मा

Saturday, November 06, 2010 11:48:00 AM

पटवों की हवेली है।

  ओशो रजनीश

Saturday, November 06, 2010 11:48:00 AM

Patwon Ki Haveli, जैसलमेर, राजस्थान, भारत

  विजय कर्ण

Saturday, November 06, 2010 11:49:00 AM

Patwon Ki Haveli, जैसलमेर, राजस्थान, भारत

  डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री मयंक (उच्चारण)

Saturday, November 06, 2010 12:02:00 PM

The Royal Patwo Ki Haveli-Jaisalmer
रॉयल पटवों की हवेली, जैसलमेर, राजस्थान!

  डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री मयंक (उच्चारण)

Saturday, November 06, 2010 12:08:00 PM

अनेदर हवेली जैसलमेर,
ANOTHER HAVELI, JAISALMER, RAJASTHAN
चोरी के ब्ल़ग ने लिखा है!
क्या यह सही है?
सही हो तो उत्तर मान लेना नहीं तो रिजैक्ट कर देना!

  प० अनिल जी शर्मा सहारनपुर

Saturday, November 06, 2010 12:54:00 PM

पटवों की हवेली है. जैसलमेर में स्थित है.

  प० अनिल जी शर्मा सहारनपुर

Saturday, November 06, 2010 12:56:00 PM

पटवों की हवेली ....
जैसलमेर के धनी व्यापारियों ने यहाँ अपनी महलनुमा हवेलियाँ बनवाई थी इन हवेलियों की दीवारों ,खिड़कियों, छज्जों, में इतनी बारीक़ जालियों, नक्काशी और बेलबूटों का महीन और सुंदर कम कीया गया है कि आँखें विस्मित हो जाती हैं । यह हवेलियाँ लगभग 300 साल पुरानी हैं इन्हें आज भी पर्यटकों के लिए संभाल के रखा गया है । इन हवेलियों में सबसे विशाल व भव्य हवेलियों में से एक है पटवों की हवेली। 1805 में बनी यह हवेली 7 छोटी हवेलियों का समूह है एंव यहाँ की सभी हवेलियों में सबसे प्राचीन है । सरकार द्वारा संरक्षित यह हवेली उस समय की शानो-शोकत भरी जीवनशैली की मिसाल है

  रंजन

Saturday, November 06, 2010 1:07:00 PM

पटवों की हवेली जैसलमेर.

  उपेन्द्र

Saturday, November 06, 2010 1:51:00 PM

This comment has been removed by the author.
  राज भाटिय़ा

Saturday, November 06, 2010 2:02:00 PM

यह वो प्रस्द्धिद महल हे जहां से जहां से? इस महल की छत से.........देखने पर चारो ओर मकान ही मकान दिखाई देते हे, यकीन ना हो तो पहले इस पर चढ कर देखे, लेकिन छलांग मत लगा देना:) ९०/ जबाब हम ने दे दिया बाकी जबाब तो पता ही होगा, राम राम

  राज भाटिय़ा

Saturday, November 06, 2010 2:05:00 PM

अरी राम प्यारी यह तो भिंडी का पेड हे.... वो देख कितनी सुंदर सुंदर लेडिज फ़िंगर दिख रही हे, चल इस की सब्जी बना, ओर ताऊ को खिला, ताऊ की संगत मे रह कर तु भी पहेली बाज हो गई हे, अब डर हे कही राम प्यारे भी पहेली ना शुरु कर दे ताऊ की संगत का असर उस पर भी ना हो जाये,राम राम

  Ratan Singh Shekhawat

Saturday, November 06, 2010 2:16:00 PM

पटवों की हवेली जैसलमेर ,राजस्थान

  उपेन्द्र

Saturday, November 06, 2010 2:17:00 PM

patwon ki haveli at jaisalmer fort

  seema gupta

Saturday, November 06, 2010 3:14:00 PM

rampyari rani gokhru ka plant hai

  seema gupta

Saturday, November 06, 2010 3:15:00 PM

patwon ki haveli regards

  seema gupta

Saturday, November 06, 2010 3:22:00 PM

jaislmair patwon ki haveli
Regards

  Surendra Singh Bhamboo

Saturday, November 06, 2010 4:06:00 PM

सबसे पहले ताऊ जी व रामप्यारी जी सहित आपके सभी पाठको परिवार जनों को मेरी तरफ से दीप पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं

फिर आज की पहेली का जबाब
पहले प्रश्न का जबाब है।
पटवों की हवेली, जैसलमेर राजस्थान

  Surendra Singh Bhamboo

Saturday, November 06, 2010 4:09:00 PM

आज की पहेली का जबाब
रामप्यारी जी के प्रश्न
दुसरे प्रश्न का जबाब है।


गोखरू का पौधा

  पं.डी.के.शर्मा"वत्स"

Saturday, November 06, 2010 4:11:00 PM

Hello miss rampyari ji, please be noted that this is a plant of
...Tribulus Terrestris(herbal viagra)...that acts on the human brain and activates the synthesis of luteinizing hormone.

  नरेश सिह राठौड़

Saturday, November 06, 2010 4:30:00 PM

पुराणी हवेली जैसलमेर ,राजस्थान |और ये पौधा एक घास है | हमारे यंहा बहुतायात में होता है | जिसे स्थानीय भाषा में भाकड़ी कहते है |

  वन्दना

Saturday, November 06, 2010 5:16:00 PM

हवा महल ,जयपुर

  आशीष मिश्रा

Saturday, November 06, 2010 6:15:00 PM

badal mahal jaiselmer

  उपेन्द्र

Saturday, November 06, 2010 7:17:00 PM

Tau ji ram ram , agar pahli bar answer galat de diya jai to kya use change kiya ja sakta hai ?

  ताऊ रामपुरिया

Saturday, November 06, 2010 7:26:00 PM

@ उपेन्द्र

आप चाहे जितनी बार जवाब दे सकते हैं पर आपका आखिरी जवाब ही मान्य होगा चाहे वो गलत हो या सही.

रामराम

  Babli

Saturday, November 06, 2010 8:05:00 PM

आपको एवं आपके परिवार को दिवाली की हार्दिक शुभकामनायें!

  उपेन्द्र

Saturday, November 06, 2010 9:28:00 PM

Patwon ki haveli, jaisalmer

  अविनाश वाचस्पति

Saturday, November 06, 2010 10:03:00 PM

जयपुर का ...

  अविनाश वाचस्पति

Saturday, November 06, 2010 10:03:00 PM

जयपुर का ...

  अविनाश वाचस्पति

Saturday, November 06, 2010 10:06:00 PM

हवा महल
महल तो है
जल का भी
जलहवा
या हवाजल
ज निकाल दें
और अक्षर करें
इर्द गिर्द तो
हलवा
महल नहीं
मुंह में।

  Udan Tashtari

Sunday, November 07, 2010 3:38:00 AM

udaipur palace, udaipur, rajasthan

  दिनेशराय द्विवेदी Dineshrai Dwivedi

Sunday, November 07, 2010 7:49:00 AM

पटवा की हवेली, जैसलमेर

  Udan Tashtari

Sunday, November 07, 2010 9:36:00 AM

पटवों की हवेली जैसलमेर

  ताऊ रामपुरिया

Sunday, November 07, 2010 12:03:00 PM

सूचना :-

इस पहेली पर जवाब देने का समय समाप्त हो चुका है.

अब जो भी सही जवाब आयेंगे उन्हें अधिकतम ५० अंक दिये जा सकेंगे एवम जवाबी पोस्ट मे उनका नाम शामिल किया जाना पक्का नही है.

सभी प्रतिभागियों का उत्साह वर्धन के लिये हार्दिक आभार.

-आयोजनकर्ता

ताऊ उवाच :-:


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