ताऊ पहेली - 43 विजेता सुश्री सीमा गुप्ता

श्री समीरलाल "समीर" को "साहित्य गौरव" सम्मान मिलने की हार्दिक बधाईयां और शुभकामनाएं.

प्रिय भाईयो और बहणों, भतीजों और भतीजियों आप सबको घणी रामराम ! हम आपकी सेवा में हाजिर हैं ताऊ पहेली 43 का जवाब लेकर. कल की ताऊ पहेली का सही उत्तर है 'बराबर गुफाएं' जिन्हें लोमास ऋषि की गुफा भी कहा जाता है. बिहार के जहानाबाद जिले में स्थित हैं.

बाराबर गुफ़ाएं


आईये अब आज के विजेताओं से आपको मिलवाते हैं.

"आज के विजेता गण"

प्रथम विजेता….बधाई

seema-gupta-2

 सुश्री सीमा गुप्ता

अंक १०१

द्वितीय विजेता…बधाई

 

Meet sketch श्री मीत

अंक १००

तृतीय विजेता…बधाई

 

antarsohilश्री अंतर सोहिल

अंक ९९

 


आईये अब हमारे बाकी के सभी विजेताओं से मिलवाते हैं.

 

premalata-pandeyji

        प्रेमलता पांडे  बधाई अंक ९८

 

[sanjay+naveentam.jpg]

sanjay vyas   बधाई अंक ९७

 

My Photo

Udan Tashtari  बधाई  अंक ९६

 

[sanjay.jpg]

संजय तिवारी ’संजू’ बधाई अंक ९५

 

[panditastro.jpg]

पं.डी.के.शर्मा"वत्स"  बधाई  अंक ९४

 

इसके अलावा निम्न महानुभावों ने भी इस पहेली अंक मे शामिल होकर हमारा उत्साह बढाया. जिसके लिये हम उनके हृदय से आभारी हैं.

श्री रतन सिंह शेखावत,  श्री शुभम आर्य,  श्री दिलीप कवठेकर,  डा. रुपचंद्र शाश्त्री “मयंक”,  श्री दिनेश राय द्विवेदी,  सुश्री मह्क,  सुश्री निर्मला कपिला, श्री अनिल पूसदकर, 

श्री पंकज मिश्रा,  श्री सुशील कुमार छोंक्कर,  श्री काजलकुमार,  श्री संजय बेंगाणी,  सुश्री M.A. Sharma “sehar”,  श्री राज भाटिया,  श्री हे प्रभु ये तेरा पथ,  श्री नीरज जाट जी, 

श्री मुरारी पारीक,  श्री अनानिमस,  श्री दीपक तिवारी साहेब,  श्री दिगंबर नासवा,   श्री आशीष खंडेलवाल,  श्री अविनाश वाचस्पति,  श्री गिरीश बिल्लोरे “मुकुल”,  सुश्री जहान,  श्री अभिषेक ओझा,  भानाराम जाट और श्री सोनू.

आप सबका तहेदिल से शुक्रिया.



रामप्यारी के सवाल के विजेताओं से यहा मिलिये.

"रामप्यारी के ३० नंबर के सवाल का जवाब"


हाय…गुड मोर्निंग एवरी बडी…आई एम राम..की प्यारी… रामप्यारी.
हां तो अब जिन्होने सही जवाब दिये उन सबको दिये गये हैं ३० नम्बर…अगर भूल चूक हो तो खबर कर दिजियेगा..सही कर दिये जायेंगे.

हां तो मेरा सवाल था "कामचाडांली ग्रंथ किस विद्वान द्वारा और किस विषय पर लिखा गया था?" और सही जवाब है रावण. जी हां दशानन रावण जैसे प्रकांड विद्वान द्वारा यह ग्रंथ लिखा गया था. इस ग्रंथ मे मुख्य रुप से तंत्र विद्या के बारे मे लिखा गया था परंतु बाद मे ज्योतिष भी इसमे समाहित हुआ. आज का इस संबंध में परिपुर्ण जवाब आया है प. डी.के.शर्मा "वत्स" का. जानकारी हेतु यहां उनकी टिप्पणी प्रकाशित की जारही है.


पं.डी.के.शर्मा"वत्स" said...

रचियता----श्री रावण जी महाराज ( रावण ब्राह्मण था तो इब ब्राहमण होकै दूसरे ब्राहमण की इज्जत ना करांगे तो ओर किस की करांगें,इस करकै नाम गेल्लै श्री लाणा पडया )

अर यो ग्रन्थ मुख्य रूप से तो तंत्र विधा पर आधारित है,लेकिन इसके एक भाग में ज्योतिष को भी सम्मिलित किया था। आगे चलकर ये दोनों भाग अलग करके दो स्वतंत्र ग्रन्थों के रूप में प्रचलन में आए ।
जै राम जी की.......

October 10, 2009 8:58 PM

आज सबसे पहले सीमा आंटी ने क्ल्यु के बाद सही अंदाजा लगाया और उनका अंदाजा सही बैठा. फ़िर प्रेमलता आंटी ने
बिल्कुल नपा तुला उत्तर दिया.

इसके बाद आये प. डी.के.शर्मा "वत्स" जिनकी टिप्पणी उपर पबलिश की गई है. बधाई पंडित जी. आपने रामप्यारी की क्लास की नाक रखली आज तो? वर्ना आज तो सारे ही स्टूडेंटस की होमवर्क की डायरियों मे रिमार्क लग जाता.

वैसे आज सभी की होम वर्क की डायरी मे रिमार्क लगाया जाता है कि ठीक से होम वर्क करके नही आते आजकल. पेरेंट्स को इस बात पर ध्यान देने की जरुरत है.

और इसके बाद समीर अंकल ने भी किसी तरह इस सवाल का संबंध रावण से निकाल ही लिया और लालों के लाल इंदौरीलाल अंकल ने तो सीधा कामचांडाली का जिक्र रावण संहिता से बता दिया और येन केन प्रकारेण वो भी सफ़ल हुये.

आज सिर्फ़ उपरोक्त ५ लोगों को इस सवाल का सही उत्तर देने के एवज मे तीस तीस नंबर दिये जाते हैं और आगे से और ज्यादा ध्यान दिये जाने की जरुरत का रिमार्क लगाया जाता है.

आप सबके खाते में तीस तीस नम्बर मैने जमा करवा दिये हैं.

अब रामप्यारी की तरफ़ से रामराम…अगले शनीवार फ़िर से यही मिलेंगें. वैसे आजकल शाम ६ बजे मैं ताऊजी डाट काम पर रोज ही मिल जाती हूं. ..और हां आपका आज से शुरु होने वाला सप्ताह शुभ हो.



हीरू और पीरू यानि हीरामन और पीटर की मनोरंजक टिपणियां यहां पढिये.

"आपकी सेवा में हीरू और पीरु"


अरे..हीरु भिया..अंई आवो..देखो ऊ सेहर आंटी कंई के री हे...ऊ फ़ेल हो गई..केवे है....
ला म्हारे देखणे दे यार पीरू भिया...
यार आज तो रामप्यारी का सवाल की वजह से सगला कुआं मे ही भांग पडीगी रे...ला म्हारे दे..आज बहुत टिप्पणी बांचणी पडेगी हो...


M.A.Sharma "सेहर" said...
आज तो मैं फेल हूँ ..जीरो नंबर ...पूरे ...:)) आज बस केवल राम राम स्वीकारें...

लगता है ताउजी और रामप्यारी दोनों ने कमर कस के तयारी कर ली है बीरबल से टक्कर .....

वैसे ये एक ही पत्थर से काटकर बना हुआ बहुत अज़ब सा मंदिर नुमा कुछ लग रहा है ....आस पास हुआ तो जाउंगी यहाँ पर....


धन्यवाद

October 10, 2009 1:12 PM



Udan Tashtari said...
आज के दोनों सवाल आउट ऑफ सिलेबस हैं. सबको जनरल प्रमोशन दिया जाये. वरना अनशन करेंगे. मुरारी पारिक भाई, भूख हड़ताल पर बैठो, हम आपके साथ हैं.

October 10, 2009 5:31 PM



संजय बेंगाणी said...
यह अज्ञातेश्वर का मन्दीर है जिन्होने कांमचांडाली ग्रंथ लिखा था.
(हिरामन नाराज सा था, बोला मेरे लिए कभी टिप्पणी करते ही नहीं. तो यह टिप्पणी उसके लिए)

October 10, 2009 11:29 AM



HEY PRABHU YEH TERA PATH said...
कांमचांडाली ग्रंथ लिखने वाले का नाम है श्री श्री समीरानन्दजी महाराज ने ७२० ईसवी पुर्व इस ग्रन्थ की रचना ताऊ के कहने पर की थी. किदवन्ती है की बाबा समीरानन्दजी महाराज का वह सैकेन्ड लास्ट अवतार था. ईस समय बाबा समीरानन्दजी महाराज धरती लोक पर अपने उडन तस्तरी अवतार मे विचरण कर रहे है ( अति)

October 10, 2009 2:10 PM



राज भाटिय़ा said...
हाय राम प्यारी लगता है आज तो तु अकेली है, अरी कहां गया तेरा बागड बिल्ला, लगता है रुठ कर भाग गया. ओर सुना केसी कट रही है, तेरी सास केसी है री, ओर यह फ़ेशन वेशन जो तु करती है तेरी सास तुझे रोती नही क्या, ओर सुना है कल शहर मै तेरे मटक मटक के चलने से बहुत भारी एक्सींडेंट हो गया, अब तु हम से सवाल पुछ रही है तो सुन यह तो बहुत ही अच्छा ओर आसान सवाल है, जितना आसान सवाल है जबाब भी उस से आसान है...

कांमचांडाली ग्रंथ तो जरुर किसी चंडालनी ने ही लिखा होगा ना, ओर किस विषय पर? अरी पगली यह भी पुछने वाली बात है किस बिषय पर?? यह सब चंडालनियां किस के पिछे पडी होती है? पता है ना... बस जब वो हाथ मै ना आये तो उस के बारे ही उस कि बुराई कर के यह ग्रंथ लिख दिया होगा, लेकिन तु इन बातो से दुर रहना, देख तेरा बिल्ला तो बहुत सयाना है, ओर तेरे सिवा किसी बिल्ली को""बुरी"" नजर से नही देखता, बस सब को अच्छी अच्छी नजर से अपनी समझ कर ही तो देखता है, अगर तेरे पास यह ग्रथ है तो इसे मत पढना.
राम राम मेरी प्यारी प्यारी राम प्यारी

October 10, 2009 1:21 PM



दिनेशराय द्विवेदी Dineshrai Dwivedi said...
ये दरवाजा बहुत पुराना लेकिन खूबसूरत है। कहाँ जाएगा यह पता नहीं। कहीं पाताल न जा रहा हो यही सोच डर गए। फिर रामप्यारी के सवाल ने तो घिघ्घी ही बांध दी। इन सवालों के आगे अपने तो दिमाग की रोशनी ही गायब हो गयी। अब देखते हैं रोशनी कब वापस लौटती है।

October 10, 2009 9:19 AM


अरे पीरु भिया ये रामप्यारी का तो ऐसा ही काम है..पता नी कहां से सवाल उठा उठा न ली आवे न लोगा न परेशान करे हो..चलो अपण तो अबे दिवाली की तैयारी करां..

हां बिल्कुल हीरू भिया..चलो...



अच्छा अब नमस्ते.सभी प्रतिभागियों को इस प्रतियोगिता मे हमारा उत्साह वर्धन करने के लिये हार्दिक धन्यवाद. ताऊ पहेली – 43 का आयोजन एवम संचालन ताऊ रामपुरिया और सुश्री अल्पना वर्मा ने किया. अगली पहेली मे अगले शनिवार सुबह आठ बजे आपसे फ़िर मिलेंगे तब तक के लिये नमस्कार.

33 comments:

  Mishra Pankaj

Monday, October 12, 2009 2:28:00 PM

विजेताओं लो घणी बधाइया ,
 लगता है आज रामप्यारी मैम गुस्से में है :)

  राज भाटिय़ा

Monday, October 12, 2009 3:01:00 PM

बधाई ले लेओ जी सारे जीतने वाले, ओर हारने वालो को भी बधाई, यह राम प्यारी मेम कब से बन गई??

  Murari Pareek

Monday, October 12, 2009 3:22:00 PM

seemaji, meet aur antar ji ko badhaai ho ji,

  संजय बेंगाणी

Monday, October 12, 2009 3:44:00 PM

हिरामन खुश हो गया, बस इसी का संतोष है :)

  नीरज गोस्वामी

Monday, October 12, 2009 3:46:00 PM

हमने ना सुन्ना था नाम इनका...भोत धन्यबाद जो इसके बारे में जान पाए...बिजेताओं को घणी बधाई...

नीरज

  सुशील कुमार छौक्कर

Monday, October 12, 2009 4:48:00 PM

समीर जी के साथ साथ विजेताओं को बहुत बधाई।

  दिनेशराय द्विवेदी Dineshrai Dwivedi

Monday, October 12, 2009 5:02:00 PM

पत्रिका घणी आछी लागी। हम तो अपना गंजा सिर खुजाते खुजाते परेशान हो गए। जवाब ही नहीं मिला। समीर जी का मांग पत्र सही है, बोनस मिलना चाहिए। कम से कम सर पर जो निशान पड़ जाएंगे उन का मुआवजा तो मिले। हमारी मांगे पूरी करो वर्ना इंकलाब! जिन्दाबाद!

  पं.डी.के.शर्मा"वत्स"

Monday, October 12, 2009 5:33:00 PM

सभी विजेताओं को बहुत बहुत बधाई.....
पत्रिका का ये अंक भी बहुत ही बढिया रहा.....
अब की बार तो रामप्यारी ने सभी को बहुत दौडाया । बेचारे गूगल बाबा ने भी हाथ जोड दिए होंगें :)

  Udan Tashtari

Monday, October 12, 2009 6:05:00 PM

सीमा जी एवं अन्य सभी विजेताओं को बहुत बहुत बधाई....

रामप्यारी ने तो जान ही निकाल डाली. :)

  मीत

Monday, October 12, 2009 6:08:00 PM

यार यह सीमा जी कुछ देर बाद ही आ जातीं ...
में फिर से दुसरे नम्बर पे अटक गया... ताऊ का प्रमाण पत्र मिलने से रह गया...
सीमा जी बधाई हो....
और सभी विजेताओं और भाग लेने वाले लोगों को भी बधाई हो...
मीत

  premlata

Monday, October 12, 2009 6:19:00 PM

विजेताओं को बधाई !
रामप्यारी के प्रश्न का उत्तर... यादाश्त काम ही नहीं करी। क्लू से इतना ही बता सकती थी।

  प्रकाश गोविन्द

Monday, October 12, 2009 6:35:00 PM

सभी विजेताओं को बहुत-बहुत बधाई

एक कठिन पहेली का जवाब इतनी शीघ्रता से देने के लिए सीमा जी विशेष प्रशंसा की हकदार हैं !

  दीपक "तिवारी साहब"

Monday, October 12, 2009 6:46:00 PM

सीमाजी सहित सभी विजेताओं को हार्दिक बधाईयां..वाकई आज तो बिना क्ल्यु के जवाब देकर कमाल ही कर दिया. बहुत शुभकामनाएं

  दीपक "तिवारी साहब"

Monday, October 12, 2009 6:48:00 PM

और रामप्यारी मैम...आपने मेरी डायरी मे भी रिमार्क लगा दिया? मेरे पापाजी जो इस वक्त स्वर्ग मे हैं उन्होने आकर मेरे बहुत कान खींचे...अब आगे से मैं अच्छे बच्चे की तरह प्रोमिज करता हूं कि बिल्कुल सही सही जवाब दूंगा..पर मेरी डायरी मे रिमार्क मत लगाना...प्लिज मैम...बहुत मारा मेरे पापाजी ने मुझको.

  kamal

Monday, October 12, 2009 6:49:00 PM

सभी को हार्दिक बधाईयां

  Ratan Singh Shekhawat

Monday, October 12, 2009 7:47:00 PM

विजेताओं को घणी-घणी बधाइयाँ :)

  अभिषेक ओझा

Monday, October 12, 2009 8:14:00 PM

हम तो सिलेबस छान मारे थे. आज पता चला की सवाल सिलेबस से बाहर का था. तभी मैं कहूं :)

  योगेन्द्र मौदगिल

Monday, October 12, 2009 8:25:00 PM

कमाल सै ताऊ मैं थोड़े दिन गायब के होया बांदर बी टोप्पी आले होगे.............

  अविनाश वाचस्पति

Monday, October 12, 2009 9:20:00 PM

सीमा जी के सीमारहित शुभकामनाएं

और मीत ने बनाई है जीत की रीत
अंतर सोहिल ने भी अंतर कम रखा है

प्रेमलता जी ने भी बेहतर प्रतिशत चखा है

हम ही सबसे निखट्टू हैं
परंतु बधाई देने में बजरबट्टू हैं

अब इन दोनों शब्‍दों के अर्थ के लिए तो

प्रेमलता पांडे जी से ही पूछना होगा

इसके लिए उन्‍हें एक्‍स्‍ट्रा मंगलकामनाएं

जिससे अगली बार नंबर एक बन जाएं

  P.N. Subramanian

Monday, October 12, 2009 9:51:00 PM

विजेताओं को हार्दिक बधाई.

  वाणी गीत

Tuesday, October 13, 2009 5:11:00 AM

सीमाजी ...सहित सभी विजेताओं को
बहुत बधाई ...

  http://bhartimayank.blogspot.com

Tuesday, October 13, 2009 7:54:00 AM

सीमा जी!
बधाई हो!
कल मै भी अपने ब्लाग पर आपको बधाई दूँगी!
निष्पक्ष निर्णय के लिए ताऊ को धन्यवाद!

  डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री मयंक

Tuesday, October 13, 2009 7:57:00 AM

ताऊ पहेली विजेता सीमा जी एवं अन्य सभी प्रतिभागियों को बधाई!
ताऊ का आभार!

  अल्पना वर्मा

Tuesday, October 13, 2009 9:39:00 AM

सभी विजेताओं को बहुत बहुत बधाई.
इस के सभी विजेता ख़ास बधाई के पात्र हैं क्योंकि दिवाली नज़दीक है इस लिए सभी उसी दिशा में सोच रहे थे.
एक खूबसूरत दरवाजा एक बेरंग गुफा का हो सकता है ..शायद सोचना कठिन था.
आप इस की वीडियो यू ट्यूब पर देख सकते हैं.
@मुरारी पारीक जी इस पहेली ४३ के विरुद्ध अनशन पर बैठे थे..आशा है उनका अनशन खतम हो गया होगा.
@रामप्यारी मेम प्लीस इस बार सभी को माफ़ कर देना..त्योहारों का अवसर जो है.

  ज़ाकिर अली ‘रजनीश’

Tuesday, October 13, 2009 5:42:00 PM

आपके निर्देशानुसार अपने सभी ब्लाग के लिंक है:

http://vinayprajapati.wordpress.com
http://pinkbuds.blogspot.com
http://prajapativinay.blogspot.com
http://techprevue.blogspot.com
http://www.charchaa.org
http://vijnaan.charchaa.org
http://vinayprajapati.soup.io
http://ghazalen.blogspot.com
http://anandbakshi.blogspot.com

- विनय प्रजापति

  दिगम्बर नासवा

Tuesday, October 13, 2009 6:55:00 PM

SEMA JI AUR SABHI JEETNE WAALON KO BADHAAI ....

  Nirmla Kapila

Tuesday, October 13, 2009 7:30:00 PM

ताऊ जी सपने मे आपका लऋह दिखाई दियास तो याद आया कि आज अपके घर हजरी लगवाई ही नहीं राम राम

  SELECTION & COLLECTION SELECTION & COLLECTION

Wednesday, October 14, 2009 2:35:00 AM

बधाई ले लो जी।

पहेलियो के सचिन तेन्दुलकर हमारे समिरभाई रिकोर्ड पे रिकोर्ड बनाऍ जा रहे है। बधाई समीरजी को भी।

  सतीश सक्सेना

Wednesday, October 14, 2009 9:11:00 AM

वाह ताऊ !!
आपके इस ब्लाग ने हिंदी रचनाओं में एक नया आयाम दिया है, आपकी विद्वता और दूरदर्शिता को नमन !
शुभकामनायें !

  seema gupta

Wednesday, October 14, 2009 12:43:00 PM

सभी विजेताओं को बहुत-बहुत बधाई

regards

  Science Bloggers Association

Wednesday, October 14, 2009 1:47:00 PM

सीमा जी को बहुत बहुत बधाई।
----------
डिस्कस लगाएं, सुरक्षित कमेंट पाएँ

  भानाराम जाट

Wednesday, October 14, 2009 3:58:00 PM

bahut badhai vijetao ko.

  M.A.Sharma "सेहर"

Thursday, October 15, 2009 9:09:00 AM

सीमा जी व सभी प्रतिभागियों को बहुत बधाई....!!!

और हीरू और पीरु तुम दोनों भी ना .... बहुत स्वीट हो :))मेरे फेल होने को भी ऐसे सराह रहे हो जैसे गोल्ड मैडल जीता हो !!haha...

Raam raam ji sbhee mitron ko

ताऊ उवाच :-:


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