Powered by Blogger.

रामप्यारी की पोस्ट

आंटियों,  अंकलों  और दीदीयों  आप सबको रामप्यारी की नमस्ते. समय भी कितनी जल्दी बीत जाता है? ये कल की ही बात लगती है जब मैने पोस्ट लिखी थी और अब ये फ़िर से शुक्रवार आगया. बीनू फ़िरंगी ताई के साथ घूंम रहा है और सैम भैया अपने चुनाव की तिकडम मे लगे हैं. ताऊ अपने काम धंधे मे ईयर एंडिंग मे लगा है. और ले देकर बस फ़ालतू रह गई रामप्यारी. 




rampyari-cat_ducks ताऊ की यही आदत खराब है.  बस बोल दिया तो बोल दिया. अब ये नही समझता की मैं मेरी पिछले सप्ताह गुम हुई बतखों को ढूंढूं या पोस्ट लिखूं? ये देखो ना कितनी सुंदर लग रही हैं मेरी तीनों बतखें मेरे साथ?

 

मैं तो अब गिनती करना भी सीख गई हूं. अभी इन तीनों को ही ढूंढ पाई हूं. मालूंम है ये आने को ही तैयार नही थी पर आपको मालूंम है कि रामप्यारी तो पिस्तौल रखती है सो पिस्तौल की नौंक पर ले कर आई इनको. और अब पिस्तौल अडाकर ही इनसे बाकी का पता पूछ रही हूं.

 

 

सूबह होते ही   ताऊ ने मुझको बुला भेजा और बोला – देख रामप्यारी अब आज की पोस्ट तू ही लिखेगी. मुझे तो फ़ुरसत है नही. और  पोस्ट लिखने का नियम तोडना नही है. अब मेरी इज्जत तेरे हाथ है.

 

 

लो बोलो करलो बात. ताऊ की इज्जत रामप्यारी के हाथ. ये तो ताऊ की इज्जत नही हुई धन्नों की बसंती की इज्जत हो गई. जो मानो ना मानो बचानी ही पडेगी. ये ताऊ भी  ना…अब क्या बोलूं आपको?

 

अभी क्या हुआ कि ताऊ बैंगलोर गया था. ताई तो अपने मायके गयी थी. सो ताऊ मुझे साथ ले गया. अब वहां पर मैने ताऊ को कहा की ताऊ मुझे तो फ़िल्म देखनी है वो कौन सी सलीमडोग या सलमाकैट वाली.

 

अब ताऊ और मैं मल्टीप्लेक्स मे घुस गये. वहां ताऊ ने क्या देखा कि लिफ़्ट का बटन दबा कर एक बूढी औरत उसमे घुस गई और थोडी देर बाद एक खूबसूरत सी लडकी उसमे से निकली.

 

ताऊ खडा २ देखता रहा..मैने कहा की ताऊ पिक्चर शुरु होने वाली है जल्दी करो..यहां खडे २ क्या कर रहे हो?

 

अब ताऊ बोला – अरे रामप्यारी ..तूने कुछ देखा की नही?

 

मैने कहा : नही.

 

तो ताऊ बोला कि देख वो कमरा है ना जिसके उपर लाल लाईट जल रही है उसमे उसके दरवाजे से जो भी  औरत घुसती है तो वो जवान हो कर निकलती है, चाहे बूढी ही क्यों ना हो? . तू एक काम कर..जरा जल्दी से तेरी ताई को फ़ोन लगा कर बुलाले उसको भी इस कमरे मे घुसा देते हैं वो भी नई हो जायेगी.

 

मैने कहा : ताऊ बुढापे मे तुम्हारी तो अक्ल मारी गई है.  और ऐसा काम सोचना भी मत कि ताई को बुढी बताने लग जावो वर्ना वो भाटिया अंकल वाला लठ्ठ जो काफ़ी दिनों से जंग खा रहा है ना,  ताई उसकी जंग उतार देगी और आप अस्पताल से नये हो कर लौटोगे.

 

अब मुझे फ़ालतू बात करने की आदत तो है नही, अब आप कहोगे रामप्यारी तूने आज  ताऊ की कुछ पोलपट्टी तो बताई ही नही? तो अब रामप्यारी आपको क्युं बतायेगी कि एक दिन सच्ची मुच्ची के भगवान जी ताऊ के पास आगये. और बोले – ताऊ मैं तेरे से बहुत खुश हूं, मांग ले तेरे को जो वरदान मांगना है.

 

ताऊ ने फ़ट से कहा – हे भगवानजी आप मेरे से खुश हो तो मेरी बीबी की उम्र मेरे से २५ वर्ष कम करदो. और भगवानजी बोले – तथास्तु. और ताऊ अगले ही क्षण मे ७७ साल का होगया.

 

अरे अंकलों और आंटीयों आप भी मुझसे क्यों झूंठ सच बुलवाये जारहे हैं बेमतलब में?

मैने आपको कुछ नही कहा है.  वो तो सब आप मुझे उचका उचका कर झूंठ बुलवा रहे हो. 

 

और सारी दुनियां जानती है कि रामप्यारी झूंठ नही बोलती वो तो कोई जबरन बुलवाले तो बोल भी देती है. अब ये कोई लिखा पढी मे थोडी बात हुई थी कि सच ही बोलना पडेगा. अब ठीक है जरुरत पड गई तो थोडी बहुत झूंठ भी बोल लेती है रामप्यारी.

 

पर अब और नही बोलेगी. आज का कोटा खत्म. और कल सूबह साढे छ: बजे मैं आपको पहेली मे मिलूंगी. पहेली अल्पना आंटी ने तैयार करके रख दी है. पर मुझसे छुपा रखी है.

मुझे जैसे ही पता चलेगा तो मेरे पेट मे ये बात पचेगी थोडी. बस आप तो क्ल्यु मेरे ब्लाग पर आकर देख लेना और मौका मिला तो मैं जवाब ही आपको बता दूंगी. मेरी शर्त तो आपको मालूम ही है.

 

तो अब रामप्यारी की रामराम.

 

 


इब खूंटे पै पढो :-


एक दिन ताई ने ताऊ तैं कही कि तूने आज तक कोई मोड्डे बामण ना जिमाये सैं, तो न्यु करकै अपने घर मे शांति कोनी रहवै और काम धंधा भी कोनी जमता थारा.

तो ताऊ बोला – भागवान तू चिंता ही मतना करै इबकी कनागता म्ह  मैं एक मोड्डा
पक्के से जिमवा दूंगा.

जल्दी ही कनागते भी आगये. और ताई ने याद दिलाया कि एक दो मोड्डे जिमाने सैं इबकी बार. सो बार बार याद दिलाये जाने पर ताऊ एक मरियल से मोड्डे धौरै पहुंच कै बोला – बाबा कल म्हारै घर आकै जीम लिये.

मोड्डा भी उधार बैठ्या था. अगले दिन सूबह ही ताऊ के घर पहूंच गया और रसोई
बनने का इंतजार करने लगा.

उधर ताई बडी श्रद्धा पुर्वक देशी घी का हलुआ,  पूडी  और खीर बणान लाग री थी.

ताऊ तो मरियल सा मोड्डा ढूंढ कै जिमाने ल्याया था कि कम माल खायेगा और
इसी बहाने अपने भी मजे हो जायेंगे.

रसोई तैयार होते ही ताई ने थाली लगा दी और मोड्डे को जीमने बैठाया. मोड्डे ने
कुछ जंत्र मंत्र जपे और जीमना शुरु किया. देखते देखते वो तो सारा माल जींम गया.
कुछ भी पीछे बाकी नही छोडा.  ताऊ मन ही मन गालियां दे रहा था कि देखने मे तो
मेरा मट्टा जरा सा मरियल लगता है और सारा माल खींच गया.

ताऊ ने सोचा कि अपने को माल मिलना तो दूर आज भूखे ही भजन करना पडेंगें.

अब मोड्डे ने सब कुछ साफ़ देखा तो पानी के दो गिलास पीकर खडा हो गया और हाथ धोने लगा.

इतनी ही देर मे एक कुत्ता कहीं से आ गया.  और उस कुत्ते को हट..हट.. करते हुये वो मोड्डा बोला – अबे ससुरे तू कित रह गया था? जो इब आया है?

ताऊ गुस्से मे जला भुना तो बैठा ही था,  ये बात  सुनकर उस मोड्डे से बोला – अरे
मोड्डे तेरा भोभा (पेट) इतने माल से भी नहीं भरा क्या ? जो इस कुत्ते को भी खाने का विचार कर रहा है?


29 comments:

  1. रामप्यारी खूंटा मजेदार रहा!

    ReplyDelete
  2. हमेशा की तरह आज भी खूंटा मस्त रहा |

    ReplyDelete
  3. ठीक है ताऊप्यारी मेरा मतलब रामप्यारी कल पहेली पर मिलते हैं....

    ReplyDelete
  4. तू पूरी हरयाणवी पढा के ही मानेगा खूंटा तान के ताऊ !

    ReplyDelete
  5. रामप्यारी और आप गच्चा देते हैं ताऊ, क्या ताई ने अब तक लिफ्ट नहीं देखी?

    ReplyDelete
  6. रामप्यारी ये गिनती जरुर ताऊ जी ने सिखाई होगी "बत्तखे" तो दो ही और तुम तीन कह रही हो .....इतना पढ़ने लिखने का क्या फायदा हाँ क्यों हम सब की नाक कटाने पे तुली हो रानी......और हाँ ये ताऊ जी की पोल पट्टी न बस यहाँ ब्लॉग तक ही रखना कही ताई जी को पता चला न तो ताऊ जी का तो घर निकला हुआ ही समझो हा हा हा हा हा हा चलो कल मिलते हैं लकिन जरा ध्यान रखना जरा हिंट विंट टाइम से दे देना ओके....चाकलेट लेनी हैं न....???"

    bye rampyari

    ReplyDelete
  7. आज भी मजेदार ,जी राम -राम .

    ReplyDelete
  8. जुग जुग जियो रामप्‍यारी। तुम तो ताऊ से भी बीस हो...उन्‍हें खूंटे पर भेजकर खुद की पोस्‍ट डालने लगी। वैसे ये हमारा ताऊ खूंटे पर बड़ा जानदार शानदार दिखता है :)

    ReplyDelete
  9. किसी बात करदी ताऊ तन्नै....लोग के बाह्मणां नै ब्याह के न्योंदे दे कै जावैं.....इब बेचारे इनां नै बी कनागतां मैंह ही तो छह महीन्यां की कसर काढनी सै.

    ReplyDelete
  10. मज़ेदार, हमेशा की तरह।

    ReplyDelete
  11. अरे रामप्यारी! तेरे ‘तीन’ बतक के पांच पांव दिखाई दे रहे हैं:) तू ने तो वो किस्सा पूरा किया ही नहीं जब ताई लिफ्ट में गई थी और बाद में ताऊ ने एक सुंदर लडकी को देख कर लिपटने की कोशिश की तो तडाक से उनके गाल पर थप्पड पडा था। हां, ताऊ ने तब तुझ से वादा लिया था कि इस बात का जिक्र किसी से मत करना। पर रामप्यारी, तेरे पेट में दर्द नहीं हो रहा है क्या?:):)

    ReplyDelete
  12. ताऊ जी!
    प्रतिदिन की तरह यह एपीसोड भी अच्छा रहा है। पहले धुरन्धरांे को छाप लो। फिर हमारा भी नम्बर लगा देना। देखें कल ताई की किस्मत में क्या होगा? रामप्यारी कब दुल्हन बनेगी। हमें शादी में बुलाना मत भूल जाना।
    इंतजार में-

    ReplyDelete
  13. पूरे दिन हँसे या ना हँसे पर यहाँ आकर जरुर हँस लेते है।

    ReplyDelete
  14. लेकिन ताऊ जी को याद नही है कि उन्होंने काफी समय पहले भी इसी मोड्डे को खाना खाने का न्योता दिया था।
    http://antarsohil.blogspot.com/2009/03/blog-post_27.html

    ReplyDelete
  15. बहुत खूब रामप्यारी.. गिनती तो तुम सही सीख गई, लेकिन एक बतख को फुर्र कर दिया.. ताऊजी की पोल-पट्टी बहुत अच्छे से खोल रही हो.. खूंटा हमेशा की तरह मजेदार रहा..

    ReplyDelete
  16. रामप्यारी तेरी गणित तो बड़ी अच्छी हो गयी है .कल सवाल बदल के आसान सा कर दियो .

    ताऊ शरीर पर मत जाना मरियल ज्यादा खाता है , मोटे को तो पतले होने की चिंता होती है (अदनान सामी को देखो कैसा पतला हो गया)

    ReplyDelete
  17. रामप्यारी तो मस्त है ही ताऊ........थारा खूंटा भी जोरदार रहा इब की बारी ......मजा अ गया पढ़ कर

    ReplyDelete
  18. अरे ये सिम अगर चुनाव में लगा हुआ है तो उसकी बॉडी गार्ड बन जा. तेरे पास तो पिस्तौल भी है. और खूंटे पर तो बहुत ही मस्त रहा.

    ReplyDelete
  19. ताऊ उधर रतन सिंह जी भी हलवे कि बात कर रहे है इधर आप भी मोडे जिमा रहे हो क्या बात है ।

    ReplyDelete
  20. बहुत सुन्दर रचना. नवरात्र पर्व की हार्दिक शुभकामना
    रामप्यारी Ko bhi

    ReplyDelete
  21. ये तो रामप्यारी की नहीं मेरी बिल्ली की फोटो लग रही हैं। ताऊ को कहाँ से मिल गईं।
    घुघूती बासूती

    ReplyDelete
  22. Chocklate से Chick तक...?
    रामप्यारी को किसी ने बताया नहीं कि चूज़े खाने के लिए गोली खिलाना ज़रूरी नहीं ?

    ReplyDelete
  23. अरे राम प्यारी आज तो बहुत प्यारी लग रही है, दोस्ती करेगी मेरे प्यारे हेरी से...., उसे हिन्दी भी समझ मै आती है, ओर मेरे साथ पुराने नये अच्छे अच्छॆ गीत भी बहुत सुनता है, कल किसी हीरो की तरह से काला चशमा पहन कर नाच रहा था, ओर साथ मै तुझे याद कर रह था.
    बोल करेगी हेरी से दोस्ती, अगर बोलो तो उस का क्रेकटर साटिफ़िकेट भी भेज दुं, बहुत ही शरीफ़ है आज तक किसी भी कुतिया को गलत नजर से नही देखा, बल्कि सभी को बहुत प्यार से देखता है.
    राधे श्याम सीता राम

    ReplyDelete
  24. अरे यह तुम तीन-तीन रामप्यारी मिलकर उस अकेली पिस्तौल वाली मासूम बत्तख को क्यों हड़का रही हो? ताऊ सुन लेगा तो खैर नहीं. वैसे ताऊ के पचीस बरस तो पचीस ही थे न.
    खूंटे पर श्वापाकी किस्सा पढ़कर मज़ा आ गया.

    ReplyDelete
  25. रामप्यारी,

    तुम्हारी ब्लोगगिरी तो ताऊ को भी पछाड दिए है। ताऊ अगुटा छाप, और मेरी रामप्यारी अगुलीछाप,

    तुमने बताया ताऊ अपने काम धंधे मे ईयर एंडिंग मे लगा है। क्या ताऊ लुट खसोट के माल का हिसाब किताब मिला रहा है ? ईयर एंडिंग!!!! मतलब अब ताऊ काले धन को सफेद कर इन्कम टेक्स वालो को चुना लगाएगा।

    रामप्यारी, तेरे हाथ मे पिस्तोल देख तेरे चाहने वालो कि छीटी-पिटि गुम हो गई है। तेरे मे भी ताऊ के लक्षण दिख रहे है मने।

    तेरी यह बात बडी ही मजेदार लगी- "भगवानजी बोले – तथास्तु. और ताऊ अगले ही क्षण मे ७७ साल का होगया."

    सुबह मिलेगे।

    ReplyDelete